प्रदेश के पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी ने निगम की बैठक बाजार वसूली का जताया विरोध : निगम चुनाव में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराजसिंह की घोषणा को भूल गई भाजपा
उन्होंने नगर निगम के प्रभारी आयुक्त से मुलाक़ात कर बाजार वसूली को बंद करने की मांग करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री शिवराजसिंह की घोषणा की याद दिलाते हुए बताया की धानमंडी की चुनावी सभा मे सार्वजनिक मंच पर घोषणा की थी की ठेले वालो से कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा. उस मंच पर वर्तमान विधायक और महापौर भी मौजूद थे
रतलाम (प्रकाशभारत न्यूज) आपने आक्रामक तेवर के लिए पूरे प्रदेश में पहचाने जाने वाले मप्र के पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी ने कल नगर निगम पहुंच कर बैठकर व्यापार करने वालो से नगर निगम द्वारा की जा रही बैठक बाजार वसूली के विरोध में मैदान में उतरे।
उन्होंने नगर निगम के प्रभारी आयुक्त से मुलाक़ात कर बाजार वसूली को बंद करने की मांग करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री शिवराजसिंह की घोषणा की याद दिलाते हुए बताया की धानमंडी की चुनावी सभा मे सार्वजनिक मंच पर घोषणा की थी की ठेले वालो से कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा. उस मंच पर वर्तमान विधायक और महापौर भी मौजूद थे।
दोपहर एक बजे अपने समर्थको के साथ नगर निगम पहुचे भाजपा के वरिष्ठ नेता पूर्व गृहमंत्री हिम्मत कोठारी को करीब एक घंटे तक प्रभारी आयुक्त अनिल भाना के इन्तजार मे बैठना पड़ा था। श्री कोठारी जब निगम पहुंचे थे तब नगर निगम मेयर इन कॉन्सिल की बैठक चल रही थी।
आपने वरिष्ठ नेता के लिए पार्टी में कितना सम्मान है ये इस बात से ही पता चलता है कि सत्ताधारी दल भाजपा के महापौर सहित कोई भी पार्षद उनसे मिलने तक नहीं आया। कुछ पार्षद तो ऐसे भी हे जो कोठारी के मंत्री काल में आगे पीछे घुमा करते थे।
प्रभारी आयुक्त के आने के बाद श्री कोठारी ने बाजार वसूली का विरोध करते हुए अपने साथ आये कुछ ठेला व्यापारी और सड़क पर सब्जी बेचने वाली एक महिला से नगर निगम द्वारा की गई वसूली की रसीदे भी दिखाई।
कोठारी ने एक सब्जी बेचने वाली महिला का उदाहरण देते हुए बताया कि वह सुबह 6 बजे गांव से मंडी जाती है और दिनभर मेहनत कर केवल 400-500 रुपए कमाती है, लेकिन नगर निगम वाले उससे भी 100 रुपए की रसीद काटते हैं। उन्होंने बताया कि कई लोगों से 2-2 हजार रुपए तक की रसीदें काटी गई हैं। नगर निगम कर्मचारियों पर भी बदसलूकी का आरोप लगाया गया। पूर्व मन्त्री हिम्मत कोठारी ने कहा कि नगर निगम को दादागिरी और तानाशाही छोड़नी चाहिए। ठेले पर सब्जी बेचने वाले लोगों से शुल्क नहीं लिया जाना चाहिए। प्रशासन को सहानुभूति पूर्वक विचार कर निर्णय लेना चाहिए।
प्रभारी कमिश्नर भाना ने कोठारी को किया आश्वस्त
प्रभारी कमिश्नर अनिल भाना ने कहा कि पूर्व मंत्री हिम्मत कोठारी बैठक बाजार शुल्क को लेकर विरोध जताने आए थे। उनकी बात महापौर परिषद के सामने रखी जाएगी। साथ ही किसी भी कर्मचारी के दुर्व्यवहार पर कार्रवाई की जाएगी।
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