सर्व हिंदू समाज ने मौन जुलूस निकाल कर सौंपा ज्ञापन : घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच और पुलिसकर्मी पर प्रकरण दर्ज करने की भी मांग
पुलिस द्वारा की गई मारपीट में 19 वर्षीय प्रकाश मईड़ा निवासी होमगार्ड कालोनी गंभीर रूप से घायल हो गया। रात को असहनीय पीड़ा से गुजरता रहा जिसके वीडियो उपलब्ध हैं। शरीर निष्क्रिय होता गया और परिजन अस्पताल ले गए जहां पेट दर्द और सांस लेने में समस्या के कारण गंभीर स्थिति हो गई। वहां से अन्य अस्पताल ले जाया गया जहां मृत्य हो गई
रतलाम (प्रकाशभारत) बीते दिनों शहर में हुए घटनाक्रम को लेकर सर्व हिंदू समाज का आक्रोश सड़को पर दिखा। शनिवार को पुलिस की बर्बरतापूर्ण और एक तरफा कार्यवाही से नाराज थे। समाजजनों ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौप संपूर्ण घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की मांग की और लाठीचार्ज में घायल युवक की मौत की जांच कर दोषी पुलिसकर्मी पर हत्या का प्रकरण दर्ज करने की भी मांग की हैं ।
ज्ञापन में एसपी राहुल लोढ़ा, एएसपी राकेश खाखा, टीआई स्टेशन रोड दिनेश भोजक, एसआई अमित शर्मा, प्रधान आरक्षक अजय शर्मा, महेंद्र पथरोड़, आरक्षक मनीष यादव, पटवारी तेजवीर चौधरी द्वारा गणेश चतुर्थी पर निकल रहे जुलूस पर पत्थरबाजी करने वाले आरोपियों को बचाने के उद्देश्य से घटना को झूठ बताया गया। हिंदु समाज को बदमान करना का घृषित कृत्य किया गया। श्रद्धालुओं पर झूठे मुकदमे दर्ज कर लाठी चार्ज, गणेश पांडाल में पूजा कर रही महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार की गई जिसमें एक युवक की मौत हो गई। इन सभी बातों की जांच की जाए। ज्ञापन में कहा गया कि रतलाम संवेदनशील जिला है। पूर्व में भी रतलाम में कर्फ्यू लगा था। इस बार गणेश प्रतिमा का जुलूस मोचीपुरा से निकल रहा था, जहां कुछ लोगों द्वारा पत्थरबाजी की गई। समिति सदस्य दो बत्ती थाने पंहुचे जहां डेढ घंटे तक थाना प्रभारी भोजक ने संज्ञान नहीं लिया। आहत हिंदु समाज की भीड़ बढ़ी तो सीएसपी ने आकर संज्ञान लिया लेकिन हिंदु समाज के लोग एकत्रित होकर वैधानिक रूप से विरोध जता रहे थे। उन पर जबरन लाठीचार्ज किया गया।
ज्ञापन में कहा गया कि सीएसपी की मौखिक सूचना के बाद हिंदु समाज के लोग जब हाथीखाना की ओर जा रहे थे। थाना प्रभारी भोजक द्वारा बर्बरतापूर्वक रोककर राठीचार्ज शुरु कर दिया गया। पटवारी तेजवीर चौधरी ने भी लाठी से हमला किया। कुछ श्रद्धालु दौड़े तो एसपी ने भी लाठी चार्ज कर दिया। उकाला रोड गणेश पांडाल जाकर महिलाओं से भी अभद्रता की। आयोजनकर्ता एवं लखन के साथ अमानवीय मारपीट की गई जिससे वह अचेत हो गया। काजल किन्नर, महेंद्र सोलंकी को धामनोद चौकी में पूरी रात पिटाई की गई। बिना मेडिकल करवाए जेल में डाल दिया गया।
19 वर्षीय युवक की हुई मौत
पुलिस द्वारा की गई मारपीट में 19 वर्षीय प्रकाश मईड़ा निवासी होमगार्ड कालोनी गंभीर रूप से घायल हो गया। रात को असहनीय पीड़ा से गुजरता रहा जिसके वीडियो उपलब्ध हैं। शरीर निष्क्रिय होता गया और परिजन अस्पताल ले गए जहां पेट दर्द और सांस लेने में समस्या के कारण गंभीर स्थिति हो गई। वहां से अन्य अस्पताल ले जाया गया जहां मृत्य हो गई। मृत्यु उपरांत भी पुलिस उसके घर के बाहर मौजूद रही। बिना पोस्टमार्टम डेढ घंटे में अंमित संस्कार भी करवा दिया गया। मांग की गई कि संवेदनशीलता से जांच की जाए और पथराव करने वाले उपद्रवियों एवं कट्टरपंथियों पर कठोर कार्यवाही की जाए। विरोध करने वालों पर दर्ज प्रकरणों को निरस्त करवाया जाए।
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