रतलाम : पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान कि दिल्ली मुंबई रेल मार्ग को बड़ी सौगात : रतलाम से नागदा के बीच डलेगी तीसरी और चौथी रेल लाईन : 41 कि.मी रेललाईन पर खर्च होगे 1018 करोड़
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अपने उद्बोधन में बताया कि रतलाम जंक्शन देश का बेहद अहम जंक्शन है । जो पूर्व, पश्चिम, उत्तर ,दक्षिण चारों दिशाओं में ट्रेनो कि कनेक्टिविटी प्रदान करता है। बड़ौदा, इंदौर, चित्तौड़गढ़ और नागदा चारों प्रमुख जंक्शनो का रतलाम से सीधा संपर्क है। इस ट्रैक के फोरलेन होने से दिल्ली-- मुंबई कॉरिडोर की क्षमता बढ़ेगी
रतलाम (प्रकाशभारत न्यूज) प्रधानमंत्री गति शक्ति मास्टर प्लान के तहत रतलाम रेल मंडल को बड़ी सौगात मिली है। रतलाम से नागदा के बीच अब, तीसरी और चौथी रेलवे लाइन डाली जाएगी। 41 कि.मी रेललाईन पर, 1018 करोड़ रुपए खर्च होगे जिसे 4 सालों में पूरा किया जाएगा।
इस मल्टी ट्रैकिंग परियोजना को, प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडल समिति ने मंजूरी दे दी है।
गौरतलब है कि दिल्ली मुंबई रेलवे ट्रैक के बीच रतलाम नागदा के बीच का यह सेक्शन बेहद अहम है। इस ट्रैक पर तीसरी और चौथी लाइन के बनने से दिल्ली और मुंबई के बीच माल ढुलाई कि क्षमता बढेगी, ट्रेनो कि टाईमिंग बेहतर होगी।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अपने उद्बोधन में बताया कि रतलाम जंक्शन देश का बेहद अहम जंक्शन है । जो पूर्व, पश्चिम, उत्तर ,दक्षिण चारों दिशाओं में ट्रेनो कि कनेक्टिविटी प्रदान करता है। बड़ौदा, इंदौर, चित्तौड़गढ़ और नागदा चारों प्रमुख जंक्शनो का रतलाम से सीधा संपर्क है। इस ट्रैक के फोरलेन होने से दिल्ली-- मुंबई कॉरिडोर की क्षमता बढ़ेगी।
ये पहल यात्रा सुविधा में सुधार करेगी, लॉजिस्टिक लागत, तेल आयात और कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन को कम करने में योगदान देगी, जिससे टिकाऊ और कुशल रेल संचालन को मजबूती मिलेगी। परियोजनाएं कंटेनर, कोयला, सीमेंट, कृषि वस्तुओं और अन्य सामानों के परिवहन के लिए महत्वपूर्ण मार्गों पर लाइन क्षमता को बढ़ाकर लॉजिस्टिक दक्षता को भी बढ़ाएँगी। इन सुधारों से आपूर्ति श्रृंखलाओं के बेहतर उपयोग की आशा है, जिससे आर्थिक विकास में तेजी आ
एगी।
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