रतलाम में रहकर बनेंगे डॉक्टर-इंजीनियर :अभ्यास कॅरियर इंस्टीट्यूट में 1 अप्रैल से नया सत्र

उन्होंने बताया कि अब विद्यार्थियों को कोटा या इंदौर जैसे बड़े शहरों में जाने की आवश्यकता नहीं है। रतलाम में रहकर भी विद्यार्थी अपने लक्ष्य को प्राप्त कर रहे हैं।

Mar 29, 2026 - 09:35
 0
रतलाम में रहकर बनेंगे डॉक्टर-इंजीनियर :अभ्यास कॅरियर इंस्टीट्यूट में 1 अप्रैल से नया सत्र

रतलाम (प्रकाशभारत न्यूज़) शहर के शास्त्री नगर में संचालित अभ्यास कॅरियर इंस्टीट्यूट में 1 अप्रैल से नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत होने जा रही है। संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर निलिमा कुमावत ने बताया कि जो विद्यार्थी डॉक्टर या इंजीनियर बनने का सपना देख रहे हैं, उनके लिए अभ्यास इस वर्ष एक सुनहरा अवसर लेकर आया है।

उन्होंने बताया कि अब विद्यार्थियों को कोटा या इंदौर जैसे बड़े शहरों में जाने की आवश्यकता नहीं है। रतलाम में रहकर भी विद्यार्थी अपने लक्ष्य को प्राप्त कर रहे हैं। इसका उदाहरण पिछले वर्ष देखने को मिला, जब संस्थान से 90 से अधिक विद्यार्थियों का मेडिकल कॉलेज में चयन हुआ, जो शहर के लिए गर्व की बात है।

रतलाम में मेडिकल कॉलेज शुरू होने के बाद विद्यार्थियों की मेडिकल क्षेत्र में रुचि बढ़ी है तथा शहर में स्वास्थ्य सुविधाओं में भी लगातार सुधार हुआ है।

संस्थान में कक्षा 11वीं एवं 12वीं के साथ ही NEET एवं JEE की तैयारी करवाई जाएगी। साथ ही 12वीं उत्तीर्ण विद्यार्थियों के लिए भी NEET एवं JEE के नए बैच प्रारंभ किए जा रहे हैं, जिससे वे प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी कर सकें।

अभ्यास कॅरियर इंस्टीट्यूट में पढ़ाई का माहौल शांत, सुरक्षित और व्यवस्थित है, जिससे विद्यार्थी अपने परिवार के पास रहकर एकाग्रता के साथ तैयारी कर सकते हैं। बड़े शहरों की तुलना में यहां कम खर्च में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो रही है, जिससे अभिभावकों को भी राहत मिलती है।

संस्थान का सिस्टम पूरी तरह से व्यवस्थित है, जहां नियमित टेस्ट, प्रगति रिपोर्ट एवं अभिभावकों को समय-समय पर जानकारी दी जाती है। अनुभवी फैकल्टी की टीम विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए समर्पित भाव से कार्य कर रही है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

Sujeet Upadhyay Sujeet Upadhyay is a senior journalist who have been working for around Three decades now. He has worked in More than half dozen recognized and celebrated News Papers in Madhya Pradesh. His Father Late shri Prakash Upadhyay was one of the pioneer's in the field of journalism especially in Malwanchal and MP.